पटना हाइकोर्ट से NIOS D.eled शिक्षकों की जीत -आवेदन के लिए 1 माह का समय मिला।

बिहार के ढ़ाई लाख़ से ज्यादा युवाओं के लिए आज का दिन एक खुशी लेकर आया जो Deled प्रशिक्षण के बाद नौकरी चाह रहे थे लेकिन सरकार ने उनकी डिग्री को मान्य नहीं किया था हाईकोर्ट ने इस पर जजमेंट दिया है

माननीय पटना उच्च न्यायालय के माननीय प्रभात कुमार झा की खंडपीठ ने आज एक बड़ा फैसला दिया है एनआइओएस से जिन जिन टीचर्स ने और स्टूडेंट ने अठारह महीने का जो प्रशिक्षण प्राप्त किया था डिप्लोमा इन एलीमेंट्री एजुकेशन को सही पाया और याचिका को अलाऊ किया ।

केस क्या था?

पार्लियामेंट ने सेक्शन 23 (2) RTE Act में संशोधन करके ये निश्चित कर दिया था कि जितने भी शिक्षक है वो सब प्रशिक्षित होने चाहिए लेकिन जब यह कानून जब संसद ने बनाया तो उस वक्त मात्र अठारह महीने बचे हुए थे ।

इसके बाद केंद्र सरकार ने इसके लिए एक कोर्स तैयार किया और ये कोर्स कराने की जिम्मेदारी NIOS को दी गई और ये कोर्स 18 महीने में पूर्ण करवाया और पूरे भारत में ग्यारह लाख शिक्षकों , स्टूडेंट ने 18 महीने का डिप्लोमा इन एलीमेंट्री एजुकेशन किया किंतु जब बिहार में नियोजन की प्रक्रिया शुरू हुई तो बिहार सरकार ने ये कहते हुए इनको नियोजन की प्रक्रिया से वंचित कर दिया था कि आपकी डिग्री अठारह महीने की है और जबकि डिप्लोमा इन एलीमेंट्री एजुकेशन का कोर्स है दो साल का कोर्स है लेकिन अभ्यर्थियों के वकील कोर्ट में ये साबित करने में सक्षम रहे की ये कोर्स है ये दो साल का कोर्स हैं चौबीस महीने के कोर्स को अठारह महीने में कराया गया है और सेक्शन 29 (2) अब भी NCTE को पावर एक्सरसाइज करते हुए सेंट्रल गवर्नमेंट ने इसको अठारह महीने में करवाने हेतु रिलेक्स किया था और कोर्ट ने दलील को स्वीकार किया।

और कहा कि इन शिक्षकों को नियोजन में मौका दिया जाए।

Today brought a joy to more than two and a half lakh youth of Bihar who were seeking job after Deled training but the government did not recognize their degree, the High Court has given a judgment on this

The Bench of Honorable Prabhat Kumar Jha of Hon’ble Patna High Court has given a major verdict today. The teachers and students who received the eighteen months training from NIOS got the Diploma in Elementary Education right and set aside the petition.

What was the case?

The Parliament amended the section 23 (2) RTE Act to make sure that all the teachers who are there should be trained, but when Parliament enacted this law, only eighteen months were left.

After this, the Central Government prepared a course for this and the responsibility of conducting this course was given to NIOS and completed this course in 18 months and eleven lakh teachers, students all over India did 18 months Diploma in Elementary Education but when Bihar When the process of planning started in Bihar, the Bihar government had denied them the process of planning saying that your degree is eighteen months old. And while the Diploma in Elementary Education course is a two-year course, the lawyers of the candidates have been able to prove in the court that this course is a two-year course. The twenty-four-month course has been conducted in eighteen months and section 29 (2) Even now the Central Government, while exercising power to the NCTE, had relaxed it to get it done in eighteen months and the court accepted the plea.

And said that these teachers should be given a chance in planning.

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